यमक अलंकार

‘यमक अलंकार’ मम्मटानुसारं लक्षणम्- “अर्थे सत्यर्थभिन्नानां वर्णानां सा पुनः श्रुतिः” (काव्यप्रकाशः,नवमः उल्लासः) ‘समरसमरसोऽयम्’ इत्यादावेकेषामर्थवत्त्वेऽन्येषामनर्थकत्वे भिन्नार्थानामिति न युज्यते…

अनुप्रास अलंकार

‘अनुप्रास अलंकार’ मम्मटानुसारं लक्षणम्- “वर्णसाम्यमनुप्रासः” स्वरवैसादृश्येऽपि व्यञ्जनसदृशत्वं वर्णसाम्यम्। रसाद्यनुगतः प्रकृष्टो न्यासोऽनुप्रासः॥ हिन्दी अर्थ- वर्णों की समानता…

श्लेष अलंकार

                               …

अलंकारों की संख्या

अलंकारों की संख्या          अलंकारों की संख्या के निर्धारण में प्रायः सभी आचार्यों में मतभेद पाया…

अलंकार

                                       ‘अलंकार’                     ‘अलङ्करोतीत्यलङ्कारः’ इस संस्कृत व्युत्पत्ति…

error: Content is protected !!